aurat
एक औरत शायद दिन में कई बार इन शब्दों का प्रयोग करती है तंग आ गई हूँ इस रोज रोज की भागदौड़ से 😓 आज जब सारा संसारलॉक डाउन के चलते घरो में बंद है औरतो की भाग दौड़ जस की तस है उन्ही लम्हो में खुसी तलाशती बच्चो को यह समझती है कि सब ठीक हो जायेगा丨 सारे प्रिय जनो के करीब होने से उसे एक खुशी का एहसास है丨 चाहती है🥰 इन लम्हों को एक ख़ुशनुमा यादों के रूप में समेट लेना✍️ ऐ ❣️ सकारात्मकता नहीं तो और क्या है? कैसे अपनों के साथ समय बिताऊ 丨 उन्हें क्या- क्या बनाकर खिलाऊ ,कैसे ?अपनों के साथ समय बिताऊ, बच्चो के साथ खेलू मस्ती करू,बड़ो की परवाह छोटो पर भरपूर प्यार 😆 करना उनके अंतर्मन में एक अजीब सी ख़ुशी है 😍 आप सब सबको पता है कोरोना के चलते आज पूरा देश घर पर ही है ताकि वह सुरक्षित रह सके इस नकारात्मकता के वातावरण के चलते के मन में विचार भी नकारात्मक आते है हर ज़िन्दगी ड र में जी रही है वो डर है मौत का 😞 औरत अपनी जिम्मेदारियों को बखूबी निभा रही है 😎 एक कामकाजी महिला जो दिनभर आजीविका के चलते बच्चों को घर छोड़...